शिक्षा विभाग का एक अनोखा कारनामा सामने आया है ,जिसे सुनकर आप हैरान रह जाएंगे ,ऐसा स्कूल जो आवासीय तो कहलाता है ,सरकारी कागजो में ये आवासीय तो है लेकिन स्कुल को आवास नहीं है , कटिहार का आदर्श आवासीय मध्य विध्यालय राजवाड़ा जिसे कटिहार जिले में आदर्श स्कुल का दर्जा मिला है लेकिन सरकारी अनदेखी ऐसी की आप खुद हैरान रह जाएंगे ,इस स्कूल को आदर्श स्कुल के दर्जे साथ आवासीय स्कुल गया लेकिन आवास फाइलों कहीं गुम हो गया , प्रधान अध्यापक कहते हैं की यहाँ कई साल पहले छात्रावास हुआ करता था और आवास निर्माण के लिए सरकार ने लाखों रूपये खर्च कर भवन निर्माण शुरू किया था लेकिन भवन आज तक पूरा नहीं हुआ और जो थोड़ा बना भी था वो खण्डहर में बदल चूका है
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| खंडहर आवास |

जबकि आदर्श विध्यालय में वो सारी सुविधा बच्चों को दी जाती है ताकि बच्चे बेहतर शिक्षा पा सके बच्चों के क्लास रूम में कुर्सिया ,टेबल और बेच _डेस्क तक हो लेकिन यहाँ ऐसी कोई सुविधा नहीं है ,बिहार सरकार सरकारी स्कूलों में बेहतर शिक्षा देने का दावा करती है जो तस्वीरें आज सामने आई है वो शायद शिक्षा विभाग हकीकत दिखाने के लिए काफी है , अधिकारी आखिर कब तक बेहतर शिक्षा देने के नाम पर सिर्फ खानापूर्ति करती रहेगी।



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